America में बसे 52 लाख भारतीयों का Visa खतरे में? ट्रंप सरकार ने शुरू की ये जांच
Babushahi Bureau
वॉशिंगटन | 22 अगस्त, 2025 : अमेरिका में ट्रंप प्रशासन ने वीजा और आप्रवासन नीतियों को लेकर अब तक का सबसे बड़ा और सख्त कदम उठाया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने पुष्टि की है कि वह देश में वैध वीजा रखने वाले 5.5 करोड़ से अधिक विदेशी नागरिकों की लगातार समीक्षा और निगरानी कर रहा है। इस व्यापक जांच का मकसद इमिग्रेशन नियमों का उल्लंघन करने वालों का पता लगाकर उनका वीजा रद्द करना और उन्हें उनके देश डिपोर्ट (Deport) करना है। इस फैसले का सीधा असर अमेरिका में रह रहे 52 लाख भारतीयों पर भी पड़ने की आशंका है।
जांच का दायरा और कारण: किन लोगों पर है खतरा?
अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, वीजा रद्द करने की कार्रवाई उन मामलों में की जाएगी जहाँ किसी भी तरह की अयोग्यता के संकेत मिलते हैं। जांच के मुख्य आधार निम्नलिखित हैं:
1. आपराधिक गतिविधियां: अमेरिका में या अपने देश में किसी भी तरह के अपराध में शामिल होना।
2. वीजा ओवरस्टे: वीजा पर मिली अनुमति से ज्यादा समय तक अमेरिका में रुकना।
3. आतंकी संबंध: आतंकवाद से जुड़ी गतिविधियों में शामिल होना या किसी आतंकी संगठन का समर्थन करना।
4. अमेरिका विरोधी गतिविधियां: अमेरिकी विदेश नीति के खिलाफ प्रदर्शनों या गतिविधियों में हिस्सा लेना।
5. सोशल मीडिया की निगरानी: सभी वीजा धारकों के सोशल मीडिया अकाउंट्स की भी जांच की जाएगी।
यह समीक्षा सिर्फ नए आवेदकों के लिए नहीं, बल्कि उन सभी लोगों के लिए है जिनके पास पहले से वैध अमेरिकी वीजा है, जिनमें छात्र, पर्यटक और अस्थायी कर्मचारी शामिल हैं।
भारतीयों पर कितना बड़ा असर?
यह कदम अमेरिका में रह रहे लाखों भारतीयों के लिए बड़ी चिंता का विषय है, क्योंकि अमेरिका में 50 लाख से ज्यादा भारतीय नॉन-इमिग्रेंट वीजा पर हैं। 2025 में अब तक 1,703 भारतीय नागरिकों को अमेरिका से डिपोर्ट किया जा चुका है।
लगभग 18,000 अवैध भारतीय प्रवासियों की पहचान की जा चुकी है, जिन्हें वापस भारत भेजा जाना है। यह देखते हुए कि भारत स्थित अमेरिकी दूतावास ने अकेले 2024 में ही 10 लाख से ज्यादा गैर-अप्रवासी वीजा जारी किए थे, इस जांच का पैमाना बहुत बड़ा है।
अमेरिका में विशाल भारतीय समुदाय
प्यू रिसर्च सेंटर के अनुसार, भारतीय अब अमेरिका में एशियाई मूल की दूसरी सबसे बड़ी आबादी हैं, जो कुल एशियाई आबादी का लगभग 21% हैं। 2000 के बाद से अमेरिका में भारतीय आबादी में 174% की भारी वृद्धि हुई है। कैलिफोर्निया (9.6 लाख), टेक्सास (5.7 लाख), और न्यू जर्सी (4.4 लाख) जैसे राज्यों में भारतीय मूल के लोगों की बड़ी संख्या है।
ट्रंप प्रशासन का सख्त रुख और कानूनी चुनौतियां
ट्रंप प्रशासन की यह कार्रवाई उनकी सख्त आप्रवासन नीति का हिस्सा है। विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने विशेष रूप से इजराइल-विरोधी प्रदर्शनों में भाग लेने वाले विदेशी छात्रों को निशाना बनाया है। जनवरी से अब तक 6,000 वीजा रद्द किए जा चुके हैं। हालांकि, कुछ हाई-प्रोफाइल मामलों में प्रशासन को अदालतों से झटका भी लगा है, जहाँ जजों ने डिपोर्ट किए जाने वाले छात्रों को रिहा करने का आदेश दिया है। इससे यह स्पष्ट है कि प्रशासन की इस कार्रवाई को कानूनी चुनौतियों का भी सामना करना पड़ रहा है।
MA